चेन्नई. राज्य पर एक बार फिर चक्रवाती तूफान का संकट मंडराने लगा है। पिछले साल गाजा चक्रवात ने नागपट्टिनम समेत चार जिलों में भारी तबाही मचाई थी। मौसम विभाग का अनुमान है कि २९ अप्रेल को चक्रवाती तूफान उठेगा जो चेन्नई से नागपट्टिनम के बीच समुद्र तट से सटेगा। 26 अप्रेल से मछुआरों को समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी गई है। अगले दो दिनों में इसके तट से सटने या फिर निकल जाने का अनुमान है।
प्रादेशिक मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक पूवीअरसन ने संवाददाताओं को जानकारी दी कि हिन्द महासागर और उससे जुड़ी बंगाल की खाड़ी के दक्षिण पश्चिमी हिस्से में २५ अप्रेल को निम्न दबाव वाला क्षेत्र विकसित होगा जो अगले दिन कम दाब वाले मण्डल में तब्दील हो जाएगा। यह मण्डल अगले दो दिनों में तमिलनाडु के तटीय जिलों की ओर बढऩे लगेगा। इसके २९ अप्रेल को पूर्ण रूप से चक्रवाती तूफान का रूप अख्तियार करने के बाद राज्य में तेज बिजली कडक़ने और गर्जना के साथ भारी बरसात होगी। इस तूफान के चेन्नई से नागपट्टिनम के बीच तट से सटने की संभावना है।
उन्होंने बताया कि गत चौबीस घंटे में उच्च आद्र्रता की वजह से कुछ जगहों पर भारी बरसात हुई। सेलम जिले के आत्तूर में १० सेमी, तेनी में ६ सेमी, तिरुवण्णामलै और कृष्णगिरि में ५-५ सेमी बरसात दर्ज की गई है।
पूवीअरसर ने संभावना व्यक्त की कि अगले चौबीस घंटों में तमिलनाडु के भीतरी जिलों ईरोड, सेलम, कोयम्बत्तूर, नीलगिरि, तिरुपुर, दिण्डीगुल, तिरुनेलवेली, विरुदनगर, कन्याकुमारी, तिरुवारूर, तंजावुर व तेनी जिलों में हल्की बारिश होगी। चेन्नई महानगर का अधिकतम तापमान ३६ डिग्री सेल्सियस तथा आसमान में बादल रहेंगे।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2Gy7eXm
via Top News in Hindi


0 Comments